राजसमंद।जिला मुख्यालय स्थित कलेक्टर कार्यालय के गेट नंबर 1 के बाहर गंदगी का मामला सामने आया है। प्रशासनिक गतिविधियों के केंद्र माने जाने वाले इस महत्वपूर्ण कार्यालय के प्रवेश द्वार के समीप दीवारों और कोनों में गुटखा खाकर थूकने के स्पष्ट निशान दिखाई दे रहे हैं। सीढ़ियों के पास दीवार के कोने में जमी गुटखे की पीक न केवल स्वच्छता व्यवस्था की पोल खोल रही है, बल्कि सरकारी परिसरों में अनुशासन और निगरानी व्यवस्था पर भी प्रश्नचिह्न लगा रही है।प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में आमजन, जनप्रतिनिधि और अधिकारी इसी गेट से कार्यालय में प्रवेश करते हैं। ऐसे में मुख्य द्वार पर इस प्रकार की गंदगी प्रशासन की छवि को धूमिल कर रही है। स्वच्छता को लेकर केंद्र और राज्य सरकार द्वारा लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं, लेकिन धरातल पर हालात कुछ और ही तस्वीर बयां कर रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सार्वजनिक स्थानों पर गुटखा और तंबाकू का सेवन कर थूकने की प्रवृत्ति पर सख्ती नहीं होने के कारण ऐसे दृश्य आम होते जा रहे हैं। यदि प्रशासनिक कार्यालयों के बाहर ही यह स्थिति है, तो अन्य स्थानों की स्थिति का सहज अंदाजा लगाया जा सकता है।
विशेषज्ञों के अनुसार गुटखे की पीक से दीवारों को स्थायी नुकसान पहुंचता है और संक्रमण फैलने का खतरा भी बना रहता है। साफ-सफाई की नियमित व्यवस्था, चेतावनी बोर्ड, जुर्माने की कार्यवाही तथा सीसीटीवी निगरानी जैसे कदम उठाकर इस समस्या पर अंकुश लगाया जा सकता है।

