राजसमन्द / जिला प्रशासन की अवैध बजरी खनन पर बड़़ी कार्यवाही अवैध बजरी खनन पर चारों स्वीकृत लीजधारकों की लीज निलम्बित
भौतिक सत्यापन में बड़ी मात्रा में पाया गया अवैध बजरी खनन
लीजधारक सोहनलाल मेघवाल पर लगाई 5 करोड़ रुपये की पैनल्टी, अन्य तीन पर भी लगाई बड़ी पैनल्टी
राजसमन्द । बनास नदी क्षेत्र में बजरी के अवैध खनन की विगत कई दिनों से नियमित शिकायतें प्राप्त होने पर जिला प्रशासन व खनन विभाग द्वारा लीजधारकों द्वारा लीज क्षेत्र में किए गए खनन का भौतिक सत्यापन किया गया। भौतिक सत्यापन में स्वीकृत लीजधारकों द्वारा बड़ी मात्रा में बजरी का अवैध खनन करना पाया गया। जिला प्रशासन द्वारा प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार तथा उच्चाधिकारियों को इस बारे में अवगत कराया गया। जहां से सख्त कार्यवाही के निर्देश मिलने पर जिला कलक्टर अरविन्द कुमार पोसवाल ने चारों लीजधारकों की लीज को निलम्बित किया गया तथा ऑनलाईन रवन्ना काटने की सुविधा को भी तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया गया है। लीजधारकों द्वारा अवैध बजरी खनन करने पर जिला प्रशासन तथा खनन विभाग द्वारा बड़ी पैनल्टी भी लगाई गई है जिसके तहत लीजधारक सोहनलाल मेघवाल द्वारा बामनिया कला के नदी क्षेत्र में एक लाख 60 हजार टन बजरी का अवैध खनन करने पर उस पर 5 करोड़ रुपये की पैनल्टी लगाई गई।
जिला प्रशासन ने बताया कि गत 10 दिनों से स्वीकृत लीजधारकों द्वारा अवैध खनन करने की शिकायतें प्राप्त हो रही थी। जिस पर जिला प्रशासन ने त्वरित कार्यवाही करते हुए खनन विभाग को स्वीकृत लीज क्षेत्र का भौतिक सत्यापन करने के निर्देश दिए। खनन विभाग द्वारा किए गए भौतिक सत्यापन में पाया गया कि स्वीकृत लीजधारकों द्वारा बड़ी मात्रा में अवैध खनन कर अवैध रूप से रवन्ना काटा गया। जिस पर प्रशासन द्वारा तुरन्त कार्यवाही करते हुए चारों लीजधारकों की लीज को निलम्बित किया गया।
लीज रद्द करने के लिए राज्य सरकार को भिजवाया जाएगा प्रस्ताव
जिला प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार चारों लीजधारकों द्वारा लीज क्षेत्र में खनन करने के नियमों का उल्लंघन किया गया है। लीज शतोर्ं की पालना नहीं करने तथा बड़ी मात्रा में अवैध खनन कर अवैध रूप से रवन्ना काटने को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया हैं। जिसके तहत जिला प्रशासन के निर्देशन में खनन विभाग द्वारा राज्य सरकार को चारों लीजधारकों की लीज को रद्द करने का अनुशंषा प्रस्ताव भिजवाया जाएगा।
इन लीजधारकों द्वारा किया गया अवैध खनन, वसूली गई पैनल्टी
जिला कलक्टर ने बताया कि भौतिक सत्यापन में स्वीकृत लीजधारक सोहनलाल मेघवाल द्वारा बामनिया कला के नदी क्षेत्र में एक लाख 60 हजार टन बजरी का अवैध खनन किया गया। जिस पर लीजधारक पर 5 करोड़ रुपये की पैनल्टी लगाई गई। इसी प्रकार लीजधारक आशा मेघवंशी द्वारा चौकड़ी क्षेत्र में 7 हजार टन बजरी के अवैध खनन करने पर 28 लाख रुपये की पैनल्टी, लीजधारक मगना भील द्वारा चौकड़ी क्षेत्र में 11 हजार टन बजरी का अवैध खनन करने पर 35 लाख रुपये की पैनल्टी तथा लीजधारक हिम्मतलाल गरासिया द्वारा सकरावास क्षेत्र में 2800 टन बजरी का अवैध खनन करने पर 10 लाख रुपये की पैनल्टी लगाई गई। पैनल्टी राशि वसूलने तथा अवैध खनन करने वाले लीजधारकों पर जिला प्रशासन तथा खनन विभाग द्वारा सख्त कार्यवाही की जाएगी।
जिला कलक्टर ने बताया कि सर्वोच्च न्यायालय की एसएलपी संख्या 10587/2019 द्वारा राज्य सरकारों को बजरी के अवैध खनन को रोकने के लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। जिसकी अनुपालना में जिला कलक्टर के निर्देशन में खनन विभाग द्वारा विगत 10 दिनों से अभियान चलाकर खनन क्षेत्रों का भौतिक सत्यापन किया गया तथा अवैध बजरी खनन करने पर चारों स्वीकृत लीजधारकों की लीज को निलम्बित किया गया।